नई दिल्ली । राजधानी की सड़कों पर तेजी से बढ़ती ई-रिक्शों की संख्या अब सरकार के लिए बड़ी चिंता बन गई है। गलत दिशा में चलना, अचानक यू-टर्न लेना, ओवरलोडिंग और बिना प्रशिक्षण के वाहन संचालन के कारण ई-रिक्शा सड़क हादसों और ट्रैफिक जाम की बड़ी वजह बनते जा रहे हैं।
इसी को देखते हुए दिल्ली सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए ई-रिक्शा और ई-कार्ट चालकों के लिए 10 दिन की अनिवार्य ट्रेनिंग लागू की है। अब बिना प्रशिक्षण प्रमाणपत्र के ड्राइविंग लाइसेंस नहीं मिलेगा। इस मामले में परिवहन विभाग ने आदेश जारी कर दिया है।
इसके तहत प्रशिक्षण केवल सरकार से अधिकृत संस्थानों में ही होगा। विभाग ने साफ कहा है कि सिर्फ अधिकृत संस्थानों द्वारा जारी प्रमाणपत्र ही मान्य होंगे और उसी के आधार पर ई-रिक्शा का ड्राइविंग लाइसेंस जारी किया जाएगा। नई व्यवस्था के तहत आवेदकों को कम से कम 10 दिन का प्रशिक्षण लेना होगा। इसमें थ्योरी और प्रैक्टिकल दोनों शामिल होंगे। प्रशिक्षण में चालक को सिर्फ वाहन चलाना ही नहीं, बल्कि सड़क पर व्यवहार और आपात स्थिति से निपटने तक की जानकारी दी जाएगी।
ट्रेनिंग सेंटर खोलने के लिए भी सख्ती : सरकार ने प्रशिक्षण संस्थानों के लिए भी कड़े मानक तय किए हैं। संस्थान के पास कम से कम 500 वर्गफुट का परिसर, प्रोजेक्टर वाला क्लासरूम, फायर सेफ्टी उपकरण, बैटरी चार्जिंग सिस्टम और प्रशिक्षित स्टाफ होना जरूरी होगा। संस्थान को बायोमेट्रिक उपस्थिति और ऑनलाइन रिकॉर्ड भी रखना होगा।
बता दें कि दिल्ली में ई-रिक्शा अंतिम मील कनेक्टिविटी का सबसे बड़ा साधन बन चुके हैं। मेट्रो स्टेशनों, बाजारों और कॉलोनियों में लाखों लोग रोज इनका इस्तेमाल करते हैं। लेकिन बिना प्रशिक्षण और नियमों की अनदेखी के कारण ई-रिक्शा चालकों पर अक्सर ट्रैफिक नियम तोड़ने और हादसों की वजह भी हैं। परिवहन विभाग का मानना है कि नई व्यवस्था से सड़क सुरक्षा बेहतर होगी और ई-रिक्शा संचालन अधिक जिम्मेदार और व्यवस्थित बन सकेगा।
चालक को इन प्रमुख बातों की जानकारी जरूरी
ई-रिक्शा की बनावट, बैटरी, मोटर और कंट्रोल सिस्टम की जानकारी
सड़क पर सुरक्षित ड्राइविंग और ट्रैफिक नियम
भीड़भाड़ वाले इलाकों और चौराहों पर वाहन संचालन
रिवर्सिंग, पार्किंग और ढलान पर वाहन नियंत्रण
रात और खराब मौसम में ड्राइविंग
रेलवे क्रॉसिंग और आपातकालीन परिस्थितियों में सावधानियां
बैटरी मेंटेनेंस और आग लगने पर बचाव
प्राथमिक उपचार और दुर्घटना के समय मदद
महिला सुरक्षा और यात्रियों के प्रति शिष्ट व्यवहार
ट्रैफिक संकेत, रोड मार्किंग और पार्किंग नियम


