नई दिल्ली | दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मुझे उम्मीद है कि इस बार मेट्रो को चलाने की मंजूरी मिलेगी। ऐसा नहीं है कि मेट्रो खुलने के साथ ही सभी को यात्रा करने का मौका मिलेगा।

चरणबद्ध तरीके से लोगों को यात्रा करने की मंजूरी दी जाएगी।

बताते चलें कि दिल्ली मेट्रो का परिचालन 150 दिन से बंद है। अनलॉक चार में इसे चलाने की मंजूरी देने की तैयारी है। अरविंद केजरीवाल ने हिन्दुस्तान से खास बातचीत में बताया कि मेट्रो चलाने को लेकर उनकी प्रबंध निदेशक मंगू सिंह से लंबी चर्चा पहले ही हो चुकी है। वह मेट्रो का परिचालन करने के लिए तैयार हैं। मेट्रो का यही मानना है कि सभी को एक साथ मंजूरी देने के बजाए चरणबद्ध तरीके से मंजूरी दी जाए। इसलिए पहले चरण में सरकारी कर्मचारी व इमरजेंसी सेवा वालों को मंजूरी दी जाएगी।

केजरीवाल ने कहा कि अगर स्थिति ठीक रही तो उसका दायरा चरणबद्ध तरीके से बढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि दिल्ली में कोरोना के हालात अब नियंत्रित हैं। ऐसे में हम उम्मीद कर सकते है कि सुरक्षा उपायों के साथ इस बार मेट्रो को चलाने की मंजूरी मिल जाएगी। बताते चलें कि दिल्ली सरकार केंद्र को मेट्रो परिचालन शुरू करने के लिए तीन बार लिख चुकी है। अब जबकि दिल्ली में कोरोना की स्थिति नियंत्रण है। अनलॉक चार में इसे चलाने की मंजूरी दी जा सकती है।

150 दिन से बंद है मेट्रो
दिल्ली में लॉकडाउन के पहले दिन से ही मेट्रो का परिचालन बंद है। इस तरह 21 अगस्त को परिचालन बंद होने से 150 दिन पूरे हो गए। मेट्रो के राजस्व का मुख्य स्रोत परिचालन है। रोजाना परिचालन से 10 करोड़ रुपये का राजस्व होता है। मगर परिचालन बंद होने से मेट्रो का घाटा बढ़ता जा रहा है। उसी का असर है कि मेट्रो के पास जापानी कंपनी जीका के लोन चुकाने के पैसे नहीं है। अब मेट्रोकर्मियों की तनख्वाह में भी अगस्त से कटौती की गई है। यह कटौती अगले आदेश तक जारी रहेगी।